-:मेरे शायरियों की दुनियाँ में आपका स्वागत है:-
यह कोई जरूरी नहीं की सभी पंक्तियाँ हमारी ही घटनाओं से सम्बंधित हैं।
किसी और के विगत जीवन को भी देखते हुए लिखा जा सकता है।
मंगलवार, 30 जुलाई 2013
जाने कब लोग इस जिंदगी में आ जाते हैं,
धीरे धीरे इस दिल की हर धड़कन में छा जाते हैं,
प्रेमी तो प्यार में ही रह जातें हैं अक्सर यहाँ पर,
लेकिन याद आतें हैं ओ लोग जो बेवफाई कर मतलब बना जाते हैं।
~~~~~~~~~APM
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