Translate

शुक्रवार, 27 सितंबर 2013

तेरी नज़रें

तेरी ये नज़रें हैं या कोई गुरुत्वाकर्षण,
महसूस करूँ तो करती हो भक्षण,
तेरी हैं अदाएँ की झूम उठती ये फिजायें,
नाम दूँ दर्पन या कह दूँ आकर्षण।।
~~~~~~~~~APM

कोई टिप्पणी नहीं:

एक टिप्पणी भेजें